शिवाजी महाराज का राज्याभिषेक दिवस हर्षोल्लास से सम्पन्न हुआ



नोएडा (अमन इंडिया ) । सेक्टर 3 पॉकेट A हिन्दू साम्राज्य दिवस उत्सव शिवाजी महाराज  का राज्याभिषेक दिवस हर्षोल्लास से सम्पन्न हुआ।  जिसने 51 बच्चों शिवाजी महराज का चित्र बनाया बच्चो और उनके माता को सम्मानित किया गया देश भक्ति गीत किए गए ।जिसमें मुख्य वक्ता प्रदीप जी ने हिन्दू साम्राज्य दिवस  शिवाजी महाराज का क्यों आज भी प्रासंगिक है अन्य हिन्दू  राजाओं की तुलना में इस प्रकाश डाला उन्होंने बताया किस प्रकार शिवाजी महाराज अपने ऐशो आराम वाला राजा नहीं बल्कि हिन्दू संस्कृति की रक्षा के लिए अपने हिन्दू संस्कृति की रक्षा का सेनापति सिद्ध किया। उनका आक्रांताओं के खिलाफ गुरिल्ला वार आक्रांताओं हराकर ऐसी स्थिति में पुनः हिन्दवी पद पादशाही की स्थापना की जब दक्षिण में विदेशी आक्रांताओं का कब्जा था। शिवाजी महाराज का व्यवहार सामान्य नागरिक को भी असमान्य योद्धा बना देता। समुद्री सीमाओं की रक्षा के लिए उन्होंने नेवी की स्थापना की।

उन्होंने नारी शक्ति अस्मिता हमला करने वाले आक्रांताओं को सबसे पहले पराजित कर मार डाला नारी अस्मिता को उन्होंने सर्वप्रथम रखा अपने सैनिकों को  कठोर दंडित कर देते नारी अपमान पर । नारी सम्मान का बड़ा उदाहरण बीजा पुर नवाब के सूबेदार  मुगल मल्ला  अहमद की पुत्र वधू जो बीजा पुर किला जितने पर सैनिक ले आए थे गोहर बानू से पूछ कर किसी तरह का कष्ट तो नहीं दिया सैनिकों ने , और तुम हमारी पुत्री के समान हो कहकर इज्जत से वापस भेज दिया।

 शिवाजी को महान सम्राट बनाने में माता जीजाबाई का विशेष योगदान है गीता रामायण की धर्मनिष्ठ शिक्षाओं से जीजाबाई ने बचपन से शिवाजी को पराक्रमी बना दिया  माताओं की भूमिका बच्चे निर्माण में बहुत अधिक है शिवाजी महाराज और अभिमन्यु दो बड़े प्रमाण है।उधर समर्थ गुरु रामदास जी शिक्षाओं और शारीरिक प्रशिक्षण ने शिवाजी को लोह पुरुष बना दिया।  प्रदीप जी का समाज को मुख्य संदेश सर्व समाज को संगठित होकर भारत को परम वैभव तक ले जाने में सबको सहयोग करना चाहिए।कार्यक्रम अध्यक्ष

सेवानिवृत  प्रधानाचार्य ज्योति स्वरूप श्रीवास्तव ने सबका धन्यवाद किया और संदेश दिया कि समाज  में मतभेद भुलाकर राष्ट्रहित के लिए  संगठित प्रयास करना चाहिए एक संपन्न शक्ति शाली राष्ट्र के नागरिक ही सुरक्षित रह सकते है। पुलिस प्रशासन का भी सहयोग प्राप्त हुआ