रामलीला मैदान से गूंजेगी गुर्जर समाज की आवाज, राष्ट्रीय प्रतिनिधित्व की उठेगी मांग
गुर्जर समाज ने मांगा कैबिनेट में हक दिल्ली में होगा शक्ति प्रदर्शन
नोएडा (अमन इंडिया ) । अखिल भारतीय गुर्जर महासभा की ओर से सोमवार को नोएडा के सेक्टर-61 में "राष्ट्र की राजनीति और गुर्जर समाज का समावेश" विषय पर एक विचार गोष्ठी एवं पत्रकार वार्ता का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में वर्तमान राजनीतिक परिदृश्य में गुर्जर समाज की भागीदारी, प्रतिनिधित्व, सामाजिक सशक्तिकरण, शिक्षा और राष्ट्र निर्माण में समाज की भूमिका पर विस्तृत चर्चा की गई।
पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मंत्री उत्तर प्रदेश सरकार हरिश्चंद्र भाटी ने कहा कि गुर्जर समाज ने स्वतंत्रता संग्राम से लेकर देश के विकास और सुरक्षा तक हर क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान दिया है, लेकिन आज़ादी के दशकों बाद भी समाज को राष्ट्रीय राजनीति में उसके योगदान के अनुरूप प्रतिनिधित्व नहीं मिल सका है। उन्होंने कहा कि विभिन्न राजनीतिक दल समय-समय पर समाज का समर्थन तो लेते हैं, लेकिन सत्ता और संगठन में उचित भागीदारी देने से पीछे हट जाते हैं। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार आगामी मंत्रिमंडल विस्तार में गुर्जर समाज का कैबिनेट मंत्री पद सुनिश्चित करें।
उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है कि गुर्जर समाज अपने राजनीतिक अधिकारों और सम्मानजनक प्रतिनिधित्व के लिए संगठित होकर आवाज बुलंद करे। इसी उद्देश्य से 31 अक्टूबर को सरदार वल्लभभाई पटेल जयंती के अवसर पर दिल्ली के ऐतिहासिक रामलीला मैदान में "गुर्जर समाज स्वाभिमान रैली" का आयोजन किया जाएगा। इस रैली में देश के विभिन्न राज्यों के साथ-साथ विदेशों से भी गुर्जर समाज के लाखों लोगों के शामिल होने की संभावना है।
हरिश्चंद्र भाटी ने कहा कि यह रैली किसी एक राजनीतिक दल के विरोध में नहीं, बल्कि उन सभी राजनीतिक दलों के लिए एक लोकतांत्रिक संदेश होगी जो वर्षों से गुर्जर समाज की राजनीतिक भागीदारी और नेतृत्व की उपेक्षा करते रहे हैं। उन्होंने कहा कि समाज अब सम्मानजनक प्रतिनिधित्व की मांग को राष्ट्रीय स्तर पर प्रभावी ढंग से उठाएगा।
महासभा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सविन्द्र भाटी ने कहा कि अब समाज केवल आश्वासनों से संतुष्ट नहीं होगा। जो भी राजनीतिक दल गुर्जर समाज को संगठन और चुनावी राजनीति में उचित प्रतिनिधित्व देगा, समाज उसी दल का समर्थन करेगा। उन्होंने कहा कि महासभा ने इस दिशा में व्यापक जनजागरण अभियान चलाने का निर्णय लिया है।
गोष्ठी में सामाजिक समावेश, युवाओं के सशक्तिकरण, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, संगठन की मजबूती तथा समाज के सर्वांगीण विकास जैसे विषयों पर भी विचार-विमर्श किया गया। महासभा ने कहा कि समावेशी लोकतंत्र तभी मजबूत होगा जब सभी वर्गों को समान अवसर और सम्मानजनक प्रतिनिधित्व प्राप्त होगा।
कार्यक्रम में अखिल भारतीय गुर्जर महासभा के राष्ट्रीय सचिव अरुण भाटी,राष्ट्रीय सचिव धीरेंद्र वर्मा,उत्तर प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष सुनील भाटी सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।